पशुपालन
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विश्व रेबीज़ दिवस 2026: रेबीज़ के खिलाफ एकजुट होकर लड़ने का संकल्प
रेबीज़ (अलर्क, जलकांटा) एक गंभीर और घातक विषाणु जनित बीमारी है, जो मनुष्यों और जानवरों दोनों को प्रभावित करती है।…
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भगवान गणेश प्रतीक-विज्ञान में छिपा पशु चिकित्सा नेतृत्व
भारतीय संस्कृति में भगवान गणेश केवल धार्मिक आस्था के प्रतीक नहीं हैं, बल्कि उनकी प्रतिमा में ज्ञान, विवेक, धैर्य, सुनने…
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ग्रामीण परिपेक्ष्य में मुर्गियों हेतु आवास व्यवस्था एवं आहार प्रबंधन
मुर्गी आवास की व्यवस्था: बस्तर में प्रायः सभी परिवारों के पास कुछ मुर्गियों होती हैं। एक देशी मुर्गी वर्ष भर…
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भारत में सतत पशुपालन
सारांश भारत में पशुपालन कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था का एक महत्वपूर्ण आधार है। गाय, भैंस, बकरी, भेड़, मुर्गी तथा अन्य…
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सहकारी समितियों का सामाजिक एवं आर्थिक योगदान
सारांश : सहकारी समितियां भारत की सामाजिक और आर्थिक व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण आधार हैं। सहकारिता का मूल सिद्धांत है-“सभी के…
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वर्षा ऋतु में बकरियों का प्रबंधन
प्रस्तावना बकरी पालन ग्रामीण क्षेत्रों में आय और रोजगार का एक महत्वपूर्ण साधन है। बकरियाँ विभिन्न जलवायु परिस्थितियों में आसानी…
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जैविक खेतीः बेहतर स्वास्थ्य और कल के लिए
जैविक खेती : जैविक खेती कृषि की एक ऐसी प्रणाली है जिसमें रसायनों (केमिकल) का उपयोग किए बिना प्राकृतिक प्रक्रियाओं…
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स्वस्थ मवेशी : टीकाकरण और स्वच्छता प्रबंधन
सारांश : मवेशी गांव की खेती और पशु पालन का बहुत जरूरी भाग हैं। गाय और भैंस से दूध, गोबर, जैविक…
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रेबीज- एक घातक संक्रामक रोग
भारत में वर्तमान में कुत्ते पालन का क्रेज बड़ा है साथ ही साथ कुत्ते एवं बिल्ली द्वारा काटने की घटनाएंभी…
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बरसात के मौसम में खरगोश पालन: अपनाएँ वैज्ञानिक उपाय, बढ़ाएँ उत्पादन और मुनाफा
बरसात का मौसम जहाँ एक ओर हरियाली, ठंडक और प्राकृतिक सौंदर्य लेकर आता है, वहीं दूसरी ओर यह खरगोश पालन…
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