नेताजी सुभाष चन्द्र बोस आवासीय विद्यालय (पोटा केबिन) कर्मचारी अपनी समस्या को लेकर मुख्यमंत्री से मिले


छत्तीसगढ़ के बीजापुर, दंतेवाडा, सुकमा एवं नारायणपुर में संचालित नेताजी सुभाष चन्द्र बोस आवासीय विद्यालय (पोटा केबिन) में कार्यरत भृत्य, चौकीदार, रसोइया सहायक, मुख्य रसोइया कर्मचारी नियमित करने एवं प्रति माह दी जाने वाली मानदेय में वृद्धि करने बाबत विगत दिवस इन्द्रावती भवन रायपुर में श्री मुन्ना लाल मरकाम महामंत्री जिला दंतेवाडा के नेतृत्व में माननीय मुख्यमंत्री से मिलकर ज्ञापन सौंपा| (

प्रतिनिधि मंडल में पोताकेबिन कमचारी कल्याण संघ के श्री नारायण मरकाम कार्यकारणी अध्यक्ष, श्री राजूसोड़ी उपाध्यक्ष बस्तर संभाग, विष्णु डेरहा कोषाध्यक्ष बस्तर संभाग, श्री अजय पुजारी जिला अध्यक्ष जिला बीजापुर, श्री लखू पोड़ियाम जिला अध्यक्ष जिला दंतेवाड़ा, श्री अवधेश कुहारामी जिला अध्यक्ष जिला सुकमा, श्री खेमलाल पोठाई जिला अध्यक्ष जिला नारायणपुर सम्मिलित थे|
छत्तीसगढ़ के बीजापुर-34, दंतेवाडा-17, सुकमा-18 एवं नारायणपुर-2 में संचालित नेताजी सुभाष चन्द्र बोस आवासीय विद्यालय (पोटा केबिन) में भृत्य/चौकीदार, रसोइया सहायक, मुख्य रसोइया विगत अनेक वर्षों (2011) से कार्यरत है| ये विद्यालय जिला के अत्यंत दुर्गम एवं सुरक्षा के दृष्टि से अति संवेदनशील क्षेत्र में है जहाँ इस क्षेत्र के आदिवासी बच्चों को प्राथमिक, माध्यमिक एवं उच्चतर माध्यमिक का शिक्षा दिया जाता है तथा जहाँ नियमित कर्मचारी कार्य नहीं करना चाहता है| उक्त 4 जिलों में 800 से अधिक अनियमित कर्मचारी कार्यरत है | ये कर्मचारी उस क्षेत्र के मूल निवासी है| चूँकि यह विद्यालय आवासीय है इसलिए उक्त अनियमित कर्मचारियों को विद्यालय परिसर में रहकर 24 घंटे सेवाएँ देना होता है| ऐसे दुर्गम एवं अति संवेदनशील क्षेत्रों में कार्य करने बावजूद उक्त अनियमित कर्मचारियों को नियमित कर्मचारियों की तुलना में आधे से कम वेतन दिया जाता है|









