कृषि

छत्तीसगढ़ में 17.46 लाख हेक्टेयर में रबी फसलों की बोनी

रबी फसल के लिए किसानों को मिला 445 करोड़ रूपए का कृषि ऋण

रायपुर, 27 जनवरी 2025 : छत्तीसगढ़ में 17.46 लाख हेक्टयर क्षेत्रों में चना, गेहू, मटर, अलसी, सरसों, मक्का, रागी सहित विभिन्न रबी फसलों की बोनी हो चुकी है, जो कुल बोनी का 91 प्रतिशत है।

कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि  खरीफ सीजन की तरह रबि सीजन के लिए भी अल्पकालीन कृषि ऋण का भी प्रावधान किया गया है। अब तक किसानों को रबी फसल के लिए किसानों को 445 करोड़ रूपए की ऋण राशि प्रदाय किया जा चुका है। रबी फसल के लिए इस वर्ष 2.89 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज का वितरण का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें 1.73 लाख क्विंटल बीज का भण्डारण कर 1.54 लाख क्विंटल बीज वितरित किया गया है, जो भण्डारण का 90 प्रतिशत है।

इसी प्रकार रबी फसल के लिए राज्य में 4.65 लाख मीट्रिक टन उर्वरक वितरण करने का लक्ष्य के विरूद्ध अब तक 6.27 लाख मीट्रिक टन उर्वरकों का भण्डारण कर 2.77 लाख मीट्रिक टन उर्वरकों का वितरण किया गया है, जो कुल भण्डारण का 44 प्रतिशत है।

Chhattisgarh Krishi Vaniki

’’छत्तीसगढ़ कृषि वानिकी’’ मासिक पत्रिका जो ग्रामीण एवं कृषि विकास पर आधारित है, जिसका प्रकाशन निरंतर रायपुर से किया जा रहा है ’’छत्तीसगढ़ कृषि वानिकी’’ में तकनीकी आलेख एवं रचनात्मक समाचारों को प्रमुखता से स्थान दिया जाता है। इस पत्रिका का पाठक विशेष कर छत्तीसगढ़ के ग्रामीण अंचलों में फैला हुआ है तथा ग्रामीण अंचलों में जागरूकता का छत्तीसगढ़ कृषि वानिकी सशक्त माध्यम है। ’’छत्तीसगढ़ कृषि वानिकी’’ एक ऐसी पत्रिका है जो सुदूर अंचलों के किसानों को कृषि, वानिकी, पषुपालन, मत्स्य पालन, वनोऔषधि आदि की नई तकनीकी जानकारी के साथ-साथ राज्य शासन की जनहितकारी नीतियों, निजी क्षेत्र के उद्यमियों के गतिविधियों/कार्यो की जानकारी उपलब्ध कराती है।

Related Articles

Back to top button